Concept:हिन्दी भाषा की कक्षा में सबसे महत्त्वपूर्ण पाठ्यचर्या-सहगामी क्रियाएँ हैं क्योंकि ये बच्चों की भाषा कौशल और अभिव्यक्ति को सक्रिय रूप से विकसित करती हैं।
Explanation:पाठ्यचर्या-सहगामी क्रियाएँ मुख्य पाठ्यक्रम को पूरक बनाती हैं और छात्रों के व्यक्तित्व विकास में सहायक होती हैं।
ये क्रियाएँ सुनने, बोलने, पढ़ने और लिखने के चारों भाषा कौशलों को प्रभावी ढंग से विकसित करती हैं।
उदाहरण: सुवाचन (बालगीत, कविता), वार्तालाप, कहानी कथन, संवाद, चित्र वर्णन, शब्द निर्माण, भाषण, वादविवाद और अभिनय।
इन गतिविधियों से बच्चे व्यावहारिक ज्ञान प्राप्त करते हैं और अपनी भाषाई क्षमताओं में आत्मविश्वास बढ़ाते हैं।
पाठ्य-पुस्तक या परीक्षाएँ केवल सीमित अवसर प्रदान करती हैं, जबकि सहगामी क्रियाएँ सभी कौशलों के समग्र विकास में मदद करती हैं।
अतः हिन्दी भाषा की कक्षा में इन्हीं को सर्वाधिक महत्त्व दिया जाना चाहिए।
Answer:C. पाठ्यचर्या-सहगामी क्रियाएँ