Concept:अतुल्यकालिक अधिगम वह है जिसमें शिक्षार्थी और शिक्षक एक ही समय पर उपस्थित होना आवश्यक नहीं है।
Explanation:इसमें सूचना समय-स्वतंत्र रूप से आदान-प्रदान होती है।
प्राप्तकर्ता को तुरंत ध्यान देने की आवश्यकता नहीं होती।
वह अपनी सुविधानुसार संदेश पढ़ या जवाब दे सकता है।
पाठ्यपुस्तक एक ऐसी सामग्री है जिसे कभी भी पढ़ा जा सकता है।
यह तुरंत प्रतिक्रिया की मांग नहीं करती।
अन्य विकल्प (तुरंता संदेश, वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग, तुरंता वार्तालाप) सभी तुल्यकालिक हैं, जहाँ दोनों पक्ष एक साथ उपस्थित होते हैं।
अतः पाठ्यपुस्तक अतुल्यकालिक अधिगम का सही उदाहरण है।
Answer:D. पाठ्यपुस्तक