Concept:काव्य-अध्यापन का मुख्य उद्देश्य छात्रों में साहित्यिक भाषा का मूल्याङ्कन करने की क्षमता विकसित करना और उन्हें रसानुभूति (काव्यानन्द) का अनुभव कराना है।
Explanation:काव्य शिक्षण में रसास्वादन और मूल्यांकन दोनों ही महत्वपूर्ण हैं।
इसका उद्देश्य केवल व्याकरण या भाषा सिखाना नहीं, बल्कि कविता के सौन्दर्य को समझना और उसका आनन्द लेना है।
इसके लिए सस्वर वाचन, भावाभिव्यक्ति और कवि के चिन्तन को ग्रहण करना आवश्यक है।
अन्य विकल्प जैसे भाषा-शिक्षण (B), व्याकरण-शिक्षण (C), और कवि के चिन्तन का अवबोध (D) गौण या आंशिक उद्देश्य हैं।
अतः मुख्य उद्देश्य साहित्यिक भाषा का मूल्यांकन और रसानुभूति ही है।
Answer:A. साहित्यिक भाषायाः मूल्याङ्कनम् रसानुभूतिश्च।